हल्दी का दूध पीने के फायदे

अब दुनियाभर हल्दी दूध के वेरिएंट हो सकते हैं, जो अदरक, शहद, दालचीनी और अन्य मसालों के साथ अखरोट, नारियल या बादाम दूध के इस्तेमाल से तैयार किए जाते हैं। दूध में हल्‍दी मिलाकर पीने से बदलते मौसम में होने वाली सर्दी-खांसी, गले की खिचखिच और सीज़नल बुखार से छुटकारा मिल जाता है। आप जानते हैं कि दूध और हल्दी दोनों ही सेहत के लिए किसी चमत्कार से कम नहीं हैं। दूध में जहाँ 9 तरह के पोषक तत्व पाए जाते हैं वहीं हल्दी में पाए जाने वाले एंटी-बैक्टीरियल और एंटी-फंगल गुण भी शरीर को बहुत सी बीमारियों से दूर रखते हैं।

ऐसे में अगर दूध और हल्दी का सेवन साथ में किया जाए तो इस पेय से सेहत को चमत्कारी फायदे मिलना तो लाज़मी ही है। तो चलिए, आज आपको बताते हैं हल्दी का दूध बनाने का तरीका और हल्दी का दूध पीने से सेहत को मिलने वाले अनगिनत चौंकाने वाले फायदों के बारे में।

हल्दी का दूध बनाने का तरीका -हल्दी का दूध बनाना बेहद आसान है। इसके लिए आप हल्दी का 1 इंच ताज़ा टुकड़ा लेकर इसे दूध के साथ 10-15 मिनट के लिए उबाल लीजिये और अगर आपके पास हल्दी का ताज़ा टुकड़ा नहीं हो तो आप हल्दी पाउडर की आधी चम्मच को दूध के साथ उबाल लीजिये। हल्दी पाउडर की बजाये हल्दी का ताज़ा टुकड़ा ज़्यादा फायदेमंद रहता है क्योंकि बाजार से लाये गए हल्दी पाउडर में मिलावट की सम्भावना रहती है।

हल्दी दूध पीने के फायदे…..

हल्दी वाले दूध में बैक्टीरिया और वायरस से होने वाले इन्फेक्शन से लड़ने की क्षमता होती है। इसका यही रोगाणुरोधी गुण श्वसन तंत्र से जुड़ी समस्याओं को दूर करता है।हल्दी का दूध शरीर की इम्युनिटी को बढ़ाता है। इसमें पाए जाने वाले एंटी-वायरल गुण के कारण, हल्दी वाला दूध शरीर को वायरस से होने वाले इन्फेक्शन से बचाता है और हेपेटाइटिस और अल्ज़ाइमर जैसी बीमारियों से शरीर की रक्षा करता है।

सर्दी-खांसी होना भले ही एक आम समस्या लगती हो, लेकिन इससे शरीर को काफी तकलीफ उठानी पड़ती है। ऐसे में हल्दी वाले दूध में मिलने वाले एंटी-सेप्टिक गुण सर्दी-खांसी में काफी राहत पहुंचाते है, साथ ही सूखी खांसी होने पर ये काफी बेहतर उपचार साबित होता है। इसके सेवन से अस्थमा और ब्रोंकाइटिस के इलाज में काफी लाभ मिलता है और हल्दी का दूध पीने से शरीर का ताप बढ़ने के कारण साइनस इन्फेक्शन में भी जल्दी राहत मिलने लगती है।

हल्दी जहाँ शरीर को तनावमुक्त करके आराम पहुँचाती है वहीं दूध में मिलने वाले मस्तिष्क रसायन सेराटोनिन और मेलाटोनिन, नींद के चक्र को संतुलित बनाकर पर्याप्त और बेहतरीन नींद लेने में मददगार साबित होते हैं। अगर आप भी पर्याप्त और अच्छी नींद लेना चाहते हैं तो सोने से 1 घंटे पहले हल्दी वाले गर्म दूध को पीना शुरू कीजिये।

हड्डियों और जोड़ों को मजबूत करने में हल्दी वाले दूध का सेवन बेहद फायदेमंद रहता है जिसके सेवन से न केवल हड्डियां मजबूत बनती है बल्कि लचीलेपन में भी सुधार आता है और गठिया से जुड़े जोड़ों में रहने वाले दर्द, जलन और सूजन को कम करके आराम दिलाने में भी हल्दी का दूध लाजवाब है। इसके अलावा शरीर के किसी हिस्से पर सूजन आने की स्थिति में भी हल्दी का दूध पीने से काफी आराम मिलता है।

हल्दी वाले दूध में एंटी-सेप्टिक गुण पाए जाते हैं जो पेट के अल्सर और कोलाइटिस को दूर करते हैं, पाचन को बेहतर बनाने के अलावा आँतों की सेहत भी सुधारते है और अपच से भी निजात दिलाते हैं। एंटी-ऑक्सीडेंट्स गुण भी हल्दी के दूध में बड़ी आसानी से मिल जाते हैं जो त्वचा पर बढ़ती उम्र के निशान, झुर्रियां नहीं आने देते और त्वचा खिली-खिली बनी रहती है।

कैंसर एक घातक बीमारी है जो ब्रेस्ट, त्वचा, फेफड़ों, पेट और प्रोस्टेट कैंसर के रूप में सामने आती है। इस गंभीर रोग से बचाव का बेहद आसान तरीका है हल्दी वाले दूध का सेवन, जिसमें सूजन कम करने का गुण पाया जाता है जो कैंसर से शरीर का बचाव करता है और इसके सेवन से कीमोथेरेपी से शरीर को होने वाले नुकसान का प्रभाव भी कम हो जाता है।

हल्दी के दूध का सेवन करने से खून साफ होता है और रक्त परिसंचरण तंत्र का कार्य भी सुचारु रूप से चलता रहता है, साथ ही शरीर से विषैले पदार्थों को बाहर निकालने का काम भी ये मैजिकल ड्रिंक कर देता है।

मासिक धर्म में राहत पहुँचाये, मासिक धर्म के दौरान होने वाले दर्द और ऐंठन से राहत पाने के लिए हल्दी वाले दूध का सेवन शुरू कर दीजिये। इतने सारे चमत्कारी फायदों के साथ वजन कम करने में भी इस पेय की मदद मिलती है। हल्दी वाले दूध के इतने सारे फायदे तो आपने जान लिए हैं लेकिन साथ ही ये जानना भी बेहद ज़रूरी है कि इसकी तासीर गर्म होने के कारण इसका सेवन सर्दी में ज्यादा फायदेमंद साबित होगा और रात को पीने से ही शरीर को इसका ज़्यादा से ज़्यादा लाभ मिल पायेगा।

  नोट :- नियमित सेवन से पहले अपने डॉक्टर से परामर्श ज़रूर लें।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button