अखिलेश यादव ने कहा है कि शिक्षा, शिक्षक व शिक्षार्थी विरोधी है। स्कूलबंद करवाने वाले भाजपाई और उनके संगी-साथी यूनिवर्सिटी बनाने वालों के खिलाफ ईडी की छापेमारी कर रहे हैं, जिससे कि उनके 1-2 फीसदी बचे हुए साम्प्रदायिक संकीर्ण सोच के कुतर्की समर्थकों को संतुष्ट कर पाएं, जबकि उन भ्रष्टाचारियों पर कोई कार्रवाई नहीं हो रही, जो तमाम आपराधिक कांडों में संलिप्त हैं। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार में राम मंदिर के चोर, सत्ता सजातीय अपराधी, कोडीन कांडी, भाजपाकाल निर्मित बदहाल बुंदेलखंड एक्सप्रेस-वे, भाजपाकाल निर्मित हिचकोले पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे, भाजपाकाल निर्मित गड्ढायुक्त कानपुर-लखनऊ एक्सप्रेस-वे, दरारी ग्रीन कॉरीडोर, खटपट सड़कें, गिरते पुल, ढहती टंकियाँ, टपकती छतें, स्टेशन की दीवार, भाजपा की सत्ता वाले दूसरे राज्यों तक में पकड़े जाने वाले भ्रष्ट पुलिसकर्मी, महाकुंभ में 1 लाख डकार गये भाजपाई ठेकेदार, स्मार्ट सिटी के नाम पर खरबों का खेल करने वाले भाजपाई, अस्वीकृत भूमि पर अवैध निर्माण करनेवाले भाजपाई जन प्रतिनिधि, दुर्व्यवहार और दुर्वचनों पर प्रचार की पुताई करके 7000 करोड़ रुपए में हिस्सा बाँट करने वाले अधिकारी के खिलाफ ईडी की कोई कार्रवाई नहीं हुई है। इन्हें सत्ता का संरक्षण है।



