ग्रामीणों को मिलेगी सुगम परिवहन सुविधा-दयाशंकर सिंह

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परिवहन मंत्री ने दिए विशेष ग्रामीण अनुबन्धन योजना के तहत बसों को अनुबन्ध कराने के निर्देश।प्रदेशवासियों को उत्तम परिवहन सेवा उपलब्ध कराने के लिए परिवहन विभाग निरन्तर कार्य कर रहा है।अनुबंध से ग्रामीणों को मिलेगी सुगम परिवहन सुविधा।


लखनऊ। परिवहन मंत्री के निर्देश पर प्रबन्धक निदेशक परिवहन आर.पी. द्वारा ग्रामीणों को सुगम परिवहन सुविधा उपलब्ध कराने के लिए अनुबन्ध की यह विशेष योजना संचालित की गई है। इस योजना के अंतर्गत क्षेत्रों द्वारा संकलन उपरान्त प्रस्तावित मार्गो में यह सुनिश्चित किया जायेगा कि यह बसे तहसील/ब्लॉक/ग्राम स्थान से रात्रिवास उपरान्त ही प्रातः संचालित हों तथा सायंकाल प्रस्थान ट्रिप लेना अनिवार्य होगा। उन्होंने बताया कि योजना के अंतर्गत अनुबन्धित बस को चलाने के लिए ग्रामीण मार्गांश का उसके दैनिक निर्धारित शिड््यूल के अन्तर्गत प्रमुखतः नये बने मार्गों जो पूर्व में किसी योजना में अनुबन्धित मार्ग में सम्मिलित न रहे हो, को जिला मुख्यालय तक सम्मिलित कर प्रस्ताव दिये जायेंगे। जिन मार्गाें पर नयी बसें अनुबन्ध की जायेगी, उन पर उनके अनुबन्ध काल तक निगम बसें संचालित नही की जायंेगी।

उत्तर प्रदेश के परिवहन राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) दयाशंकर सिंह ने विशेष ग्रामीण अनुबन्धन योजना, सी0एन0जी0 चालित साधारण अनुबन्धन योजना, डीजल चालित साधारण अनुबन्धन योजना-2022 के तहत बसों को अनुबन्ध कराने के, निर्देश परिवहन निगम के अधिकारियों को दिये हैं। उन्होंने बताया कि विशेष ग्रामीण बस अनुबन्धन योजना-2022 के अन्तर्गत प्रदेश के युवाओं को उद्यमिता का अवसर प्रदान करने व असेवित गांवों को परिवहन सुविधा से जोडे़ जाने एवं विशेष प्रोत्साहन प्रदान करने के उद््देश्य से यह योजना बनाई गई है। उन्होंने ने कहा कि प्रदेशवासियों को उत्तम परिवहन सेवा उपलब्ध कराने के लिए परिवहन विभाग निरन्तर कार्य कर रहा है। प्रदेश संरकार की मंशा है कि प्रदेश की जनता को किसी प्रकार की परिवहन संबंधी कठिनाइयों का सामना न करना पड़े।

परिवहन मंत्री दयाशंकर सिंह ने कहा कि बलिया की हर समस्या हमारी समस्या है। खेती-किसानी, बाढ़, स्वास्थ्य, शिक्षा, सड़क से जुड़ी समस्या प्राथमिकता पर है। बाढ़ खण्ड के अभियन्ता से कहा कि आप परियोजना बनाएं, स्वीकृत कराने की जिम्मेदारी हमारी होगी। राज्य से लेकर केंद्रीय नेतृत्व से सहयोग लेकर बड़ी से बड़ी परियोजना बलिया लेकर आएंगे। जलजमाव की समस्या को लेकर उन्होंने कहा कि शहरी क्षेत्र के अधिकांश हिस्से का पानी कटहल नाले में गिरे यह सुनिश्चित होना चाहिये।


प्रबन्ध निदेशक ने बताया कि यह योजना उन मार्गों पर प्रभावी होगी, जहॉ पूर्व में निगम द्वारा अनुबन्धित बसों का संचालन किया गया हो। नवीन मार्गो के सृृजन एवं सर्वे के उपरान्त संचालन के लिए अलग से प्रस्ताव तैयार किया जायेगा। नवीन मार्गों के सृृजन में यदि मार्ग दो क्षेत्रों के अधीन है तो दोनो क्षेत्रों के क्षेत्रीय प्रबन्धकों की सहमति से प्रस्ताव तैयार किया जायेगा। प्रदेश स्तर पर निगम के बेडे़ में कुल उपलब्ध बसों का अधिकतम 30 प्रतिशत तक ही अनुबन्धित बसों के निर्धारण की अनुमति प्रदान की जायेगी।प्रबन्धक निदेशक ने बताया कि अनुबन्ध की अवधि पंजीयन तिथि से अधिकतम 10 वर्ष के लिये अनुमन्य होगी। इस योजना में अनुबन्ध अवधि पंजीयन तिथि से 05 वर्ष से अधिक आयु की बस अनुबन्ध हेतु अनुमन्य नहीं होगी। मॉडल व पंजीयन में अधिकतम 01 वर्ष का अन्तर अनुमन्य होगा। इस योजना में बसों का अनुबन्ध हेतु क्षेत्रीय स्तर पर प्रस्ताव ई-टेण्डर के माध्यम से प्राप्त किया जायेगा। बसों के अधिक प्रस्ताव प्राप्त होने पर कम आयु की बस को वरीयता दी जायेगी। [/Responsivevoice]

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