बाढ़ नियंत्रण के लिए करें फुलप्रूफ व्यवस्था-जल शक्ति मंत्री

[responsivevoice_button voice=”Hindi Female” buttontext=”इस समाचार को सुने”]

बाढ़ नियंत्रण के लिए की जाय फुलप्रूफ व्यवस्था।वर्षा से पूर्व सभी तैयारियां पूर्ण करने के दिये गये निर्देश।

राजू यादव


बहराइच। जल शक्ति मंत्री ने विभाग (सिंचाई एवं जल संसाधन, बाढ़ नियंत्रण, परती भूमि विकास, लघु सिंचाई, नमामि गंगे एवं ग्रामीण जलापूर्ति विभाग) स्वतन्त्र देव सिंह जनपद भ्रमण कार्यक्रम के दौरान कलेक्ट्रेट सभागार में बाढ़ की तैयारियों की समीक्षा करते हुए निर्देश दिये कि सभी सम्बन्धित विभाग कार्य योजना के अनुसार स्थलीय निरीक्षण भी कर लें ताकि बाढ़ के दौरान बचाव एवं राहत कार्यो के संचालन में किसी प्रकार की समस्या न आने पाये। उन्होंने कहा कि हमारे पूर्वजों के दुआओं का फल है कि आज हम इस पद पर आसीन है। हमारे रचनात्मक कार्यो से देश के यशस्वी प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी व प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी का सम्मान बढ़ता है। हम अपने कार्यो में गति प्रदान करें। आपके रचानात्मक कार्यो से प्रदेश व राष्ट्र का सम्मान बढ़ेगा। आने वाला समय ज्ञान, इमानदारी और निष्ठा से कार्य करने वालों का होगा। आप लोग अच्छा कार्य कर रहे है भविष्य में भी इसी प्रकार अच्छा कार्य करते हुए देश व प्रदेश को विकास के पथ पर आगे ले जाये।


बैठक के दौरान जिलाधिकारी डॉ दिनेश चन्द्र द्वारा बाढ़ की तैयारियों का ब्यौरा प्रस्तुत करते हुए बताया गया कि बाढ़ की तैयारियों के सम्बन्ध में सम्बन्धित विभागों के साथ 02 बार बैठकें कर ली गयी है। मा. जनप्रतिनिधियों के साथ बैठक प्रस्तावित है। जनपद की 04 तहसील नानपारा, महसी, कैसरगंज व मिहींपुरवा मोतीपुर बाढ़ से प्रभावित होती है। बाढ़ क्षेत्र को सेक्टरों में बाटकर बाढ़ चौकियों, शरणालयों, नावों, गोताखोरों का सत्यापन करा लिया गया है। पशुओं के टीकाकरण के लिए कैम्प आयोजित किये जा रहे है। बाढ़ के दौरान पशुओं के चारे के लिए टेण्डर की प्रकिया पूर्ण कर ली गयी है। इसके अलावा भूसादान अभियान भी चलाया जा रहा है। अब तक लगभग 04 हजार कुंटल से अधिक भूसादान के रूप में प्राप्त हुआ है। जनपद में 1054 ग्राम पंचायतें है प्रत्येक ग्राम पंचायत में 10 कुंटल भूसादान के रूप प्राप्त करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। बाढ़ व कटान प्रभावित लोगों के विस्थापन की कार्यवाही की जा रही है। बाढ़ के दौरान बचाव व राहत कार्यो के संचालन के लिए स्थानों का चयन कर लिया गया है।


बैठक के दौरान सांसद बहराइच अक्षयवर लाल गोड़ व विधायक बलहा श्रीमती सरोज सोनकर द्वारा मिहींपुरवा क्षेत्र में कटान को रोकने के सम्बन्ध में दिये गये सुझाव पर मा. मंत्री द्वारा अधिशाषी अभियन्ता ड्रेनेज खण्ड को निर्देश दिये गये कि कटान रोकने के लिए वैकल्पिक रूप से कार्य योजना तैयार करें। इससे पूर्व मा. मंत्री जी को स्मृति चिन्ह, शाल भेट किया गया तथा जिलाधिकारी ने स्वरचित पुस्तक काल-प्रेरणा की प्रति भी मा. मंत्री जी को भेंट की। मा. मंत्री जी द्वारा बाढ़ कार्ययोजना का विमोचन भी किया गया है। बैठक के दौरान भूसादान करने वाले विजय प्रताप सिंह, अफजल व राजकुमार सिंह को मा. मंत्री ने प्रशस्ति पत्र भी प्रदान किया। जबकि जल संरक्षण के थीम पर उकेरी गयी रंगोली के लिए तनूजा श्रीवास्तव, रचना श्रीवास्तव व संध्या श्रीवास्तव को भी प्रमाण पत्र प्रदान किया गया। बैठक के अन्त में जिलाधिकारी द्वारा अश्वस्त किया गया कि मा. मंत्री जी द्वारा जो महत्वपूर्ण मार्गदर्शन व सुझाव दिये गये है उसके अनुसार जिले में एक टीम भावना के साथ कार्य करते हुए जनपद को विकास के पथ पर आगे ले जाने का हर सम्भव प्रयास किया जायेगा। बैठक में सांसद बहराइच अक्षयवर लाल गोड़, एमएलसी डॉ प्रज्ञा त्रिपाठी, विधायक पयागपुर सुभाष त्रिपाठी, सदर बहराइच श्रीमती अनुपमा जायसवाल, बलहा सरोज सोनकर, नानपारा राम निवास वर्मा, जिलाधिकारी डॉ0 दिनेश चन्द्र, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक केशव कुमार चौधरी, मुख्य विकास अधिकारी कविता मीना, एडीएम मनोज, अपर पुलिस अधीक्षक ग्रामीण अशोक कुमार व अन्य अधिकारी सहित अन्य सम्बन्धित अधिकारी मौजूद रहे।

[/Responsivevoice]

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button