रोजगार मेला नये भारत के नये उ0प्र0 के उज्ज्वल भविष्य की आधारशिला

वर्ष 2015-2016 में जहां उ0प्र0 में बेरोजगारी की दर 18 प्रतिशत से अधिक थी, वहीं कोरोना कालखण्ड की भीषण चुनौती के बावजूद प्रदेश की बेरोजगारी दर को 2.7 फीसदी तक लाने में सफलता प्राप्त हुई।रोजगार मेला नये भारत के नये उ0प्र0 के युवाओं के उज्ज्वल भविष्य की आधारशिला तैयार करेगा।हमारा लक्ष्य है कि गोरखपुर समेत पूर्वी उ0प्र0 के 10 हजार नौजवानों को नियुक्ति प्राप्त हो।प्रधानमंत्री जी ने देश को 05 ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था को बनाने के क्रम में उ0प्र0 को अगले 05 वर्ष के अन्दर एक ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनाने हेतु हस्तशिल्पियों, उद्यमियों एवं युवाओं की सहायता से अनेक कदम उठाए।

प्रदेश सरकार सभी योजनाओं के साथ युवाओं, हस्तशिल्पियों तथा कारीगरों को जोड़ने का कार्य कर रही, आर्थिक स्वावलम्बन के पथ पर अग्रसर कर, उन सभी युवाओं, हस्तशिल्पियों और कारीगरों के बल पर उ0प्र0 को आर्थिक स्वावलम्बन के मार्ग पर आगे बढ़ाने का कार्य प्रदेश सरकार ने विगत 05 वर्षांे में किया।दोबारा सरकार बनते ही तृतीय ग्राउण्ड ब्रेकिंग सेरेमनी के माध्यम से 80 हजार करोड़ रु0 से अधिक के निवेश प्रस्तावों को जमीनी धरातल पर उतार कर 20 लाख नौजवानों को नौकरी की संभावना को आगे बढ़ाने का कार्य किया।

गोरखपुर/लखनऊ। राष्ट्रीय शिक्षा नीति के अनुरूप छात्रों को शिक्षा के दौरान ही अलग-अलग संस्थानों के साथ जोड़ने का कार्य किया जा रहा है। खास तौर पर व्यवसायिक शिक्षा, तकनीकी शिक्षा के छात्र-छात्राओं को विभिन्न उद्योगों के साथ जोड़ने का कार्य करें। मेडिकल व पैरामेडिकल के प्रशिक्षुओं को प्रथम दिन से ही हॉस्पिटल और मेडिकल कॉलेज से सम्बद्ध कर देना चाहिए। जितना उनके पास अनुभव होगा, उतने ही वह दक्ष होंगे।प्रदेश सरकार ने ‘मुख्यमंत्री फेलोशिप कार्यक्रम’ प्रारम्भ किया है। फाइनल ईयर के जो बच्चे इस योजना का लाभ लेना चाहते हैं, उन्हें इस योजना से जोड़ा जाए। इस योजना के अन्तर्गत कुछ पैसे इण्डस्ट्री देगी तथा कुछ पैसे राज्य सरकार देगी जिससे वह अपना खर्चा स्वयं निकाल सकते हैं। साथ ही, अपनी पढ़ाई को भी सफलतापूर्वक आगे बढ़ा सकेंगे। उन्हांने कहा कि प्रथम चरण मंे प्रदेश के 100 आकांक्षात्मक विकास खण्डों का चयन किया गया है। दूसरे चरण में 100 आकांक्षात्मक नगर निकायों का चयन किया जाएगा। इन सभी नगर निकायांे तथा विकास खण्डांे में एक-एक युवा को मुख्यमंत्री फेलोशिप कार्यक्रम के अन्तर्गत तैनात किया जाएगा।

राज्य सरकार की इस योजना मंे चयनित युवाओं को टैबलेट, आवासीय सुविधा तथा मानदेय भी दिया जाएगा। उनको शासकीय योजनाओं के बारे में प्रतिदिन विजिट कर इसको अपडेट करने का कार्य करना होगा और डाटा अपलोड कर शासन को उपलब्ध करवाना होगा, जिससे उस विकास खण्ड की प्रगति के बारे में जानकारी प्राप्त हो सकेगी। यह एक बड़ा कार्यक्रम है। जिसके अन्तर्गत हर परिवार की स्किल मैपिंग होगी, जिससे यह पता चल सकेगा कि वह परिवार शासन की किन-किन योजनाओं को प्राप्त कर रहा है एवं उस परिवार में ऐसे कितने लोग हैं, जो सरकारी नौकरी कर रहे हैं, या जो लोग रोजगार में लगे हैं। यह भी जानकारी प्राप्त होगी कि कितने परिवार ऐसे हैं जिनको न ही सरकार की किसी योजना का लाभ मिला है और न ही कोई रोजगार या नौकरी ही प्राप्त हुई है।

डाटा प्राप्त होने पर सरकार उन लोगों के लिये स्पेशल कार्यक्रम चलायेगी, जिन्हें सरकारी योजनाओं का लाभ प्राप्त नहीं हो रहा है। उन परिवारों को भी चिन्हित किया जायेगा जिन्हें कोई नौकरी, रोजगार, स्वतः रोजगार कभी प्राप्त नहीं हुआ। ऐसे परिवारों के किसी एक सदस्य को रोजगार के साथ जोड़ने के एक वृहद कार्यक्रम को सरकार आगे बढ़ायेगी। इस प्रकार का वृहद रोजगार मेला इस अभियान के लिये आधार का काम करेगा। इस रोजगार मेले 136 कंपनियों के प्रतिनिधि आए हैं। हमारा लक्ष्य है कि गोरखपुर समेत पूर्वी उत्तर प्रदेश के 10 हजार नौजवानों को नियुक्ति प्राप्त हो। 10 हजार नौजवानों के लिये यह रोजगार मेला सबके सहयोग से सफल होगा।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button