जहां चलना चाहिए वहां नहीं चलता बुलडोजर

हाईवे किनारे से अतिक्रमण हटाने की के साथ सड़क राज्य अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज करने की मांग।

बाराबंकी। बहराइच हाईवे पर पशु बाजार के निकट कबाड़ी के गोदाम से अवैध कब्जे के कारण आवागमन में काफी दिक्कत होती है । छुट-पुट दुर्घटनाएं होती हैं। अवैध अतिक्रमण से निजात पाने के लिए पीड़ित ने मुख्यमंत्री को शिकायत पत्र देकर अतिक्रमण हटाते हुए कार्रवाई की गुहार लगाई है।

उत्तर प्रदेश सरकार लगातार हर मंच से यह बात कह रही है कि उसकी सरकार में किसी प्रकार का अतिक्रमण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। गांव गली की बात तो दूर है बाराबंकी में बहराइच हाईवे के किनारे ही अतिक्रमण को योगी के अधिकारी नजरअंदाज कर रहे हैं। जिसके कारण स्थानीय लोगों को काफी समस्याओं से प्रतिदिन जूझना पड़ रहा है। मुख्यमंत्री पोर्टल पर शिकायत के बावजूद किसी प्रकार की कार्यवाही नहीं हो रही है स्थानीय लोगों ने इसकी शिकायत मुख्यमंत्री पोर्टल पर कई बार की फिर भी अधिकारियों के कान में जूं नहीं रेंग रहे।

ग्राम पंचायत बड़ागांव, विकास खण्ड मसौली, जनपद बाराबंकी के निवासी जफर किदवई एडवोकेट ने मुख्यमंत्री को भेजे गए शिकायती पत्र में कहा है कि बाराबंकी बहराइच हाईवे पर मसौली पशु बाजार के निकट एक कबाड़ी का बहुत बड़ा गोदाम बना रखा है, जिससे उक्त नेशनल हाईवे पर रोड किनारे गाड़ियों को खड़ा करने में कठिनाइयां उत्पन्न होती है । जिस कारण से आये दिन छुट-पुट दुर्घटनाएं भी होती रहती हैं और बड़ी घटना की आशंका हमेशा बनी रहती है। हाईवे के किनारे इस प्रकार के अतिक्रमण से कई बार बड़ी घटना भी होती है जिसका प्रशासन संज्ञान भी नहीं लेता है।

आज उत्तर प्रदेश में स्वच्छ भारत अभियान हो या सड़क सुरक्षा अभियान यह सारे अभियान ढाक के तीन पात साबित हो रहे हैं। इस अतिक्रमण को अगर सड़क सड़क सुरक्षा की दृष्टि से देखा जाए तो भी गलत है और सामाजिक सुरक्षा की दृष्टि से देखा जाए तो भी गलत है।।। लेकिन प्रशासन के अधिकारी योगी की मंशा पर लगातार पानी फेर रहे हैं अर्थात हम यह कह सकते हैं कि अधिकारी मुख्यमंत्री की योजनाओं को पलीता लगाते नजर आते हैं। आज उत्तर प्रदेश में स्वच्छ भारत अभियान हो या सड़क सुरक्षा अभियान यह सारे अभियान ढाक के तीन पात साबित हो रहे हैं। इस अतिक्रमण को अगर सड़क सड़क सुरक्षा की दृष्टि से देखा जाए तो भी गलत है और सामाजिक सुरक्षा की दृष्टि से देखा जाए तो भी गलत है।।। लेकिन प्रशासन के अधिकारी योगी की मंशा पर लगातार पानी फेर रहे हैं अर्थात हम यह कह सकते हैं कि अधिकारी मुख्यमंत्री की योजनाओं को पलीता लगाते नजर आते हैं

हाइवे पर कबाड़ी ने बनाया अवैध गोदाम-

हाईवे के किनारे इस प्रकार के अतिक्रमण से घटना होने की आंशका प्रबल है और जान-माल का खतरे की चिंता बनी रहती है। रोड परिक्षेत्र में कबाड का सामान एकत्र किया जाता है। जिस कारण से राष्ट्रीय राजमार्ग पर चलने वाले एवं खड़े करने वाले वाहनों को काफी असुविधा होती है। हाईवे पर या हाईवे के किनारे इस प्रकार के अतिक्रमण से कई बार गाड़ियां कील की वजह से पंचर होती है और वह बड़े हादसे को दावत देती है इन्हें कील कांटो की वजह से इसके आसपास कई बार दुर्घटनाएं भी हुई हैं जिससे लोगों को तथा उनके वाहनों को काफी छत भी होती रहती है, पशु बाजार के निकट कबाड़ी के अतिक्रमण के कारण भविष्य में भी सड़क खराब होने की संभावना जताई जा रही है। जिस कारण से आने वाले दिनों में राज्य के राजस्व को हानि पहुंच सकती है। उक्त कबाड़ी द्वारा लगातार राष्ट्रीय राजमार्ग मसौली चौराहा के समीप पशु बाजार के निकट अवरुद्ध कर रखा है। इस ओर विभाग के स्थानीय जिम्मेदार अधिकारी भी ध्यान नहीं दे रहे हैं । उक्त लोगों पर सड़क राज्य अधिनियम के अंतर्गत मुकदमा दर्ज करने की मांग की है। हाईवे के किनारे इस प्रकार के अतिक्रमण से घटना होने की आंशका प्रबल है और जान-माल का खतरे की चिंता बनी रहती है। रोड परिक्षेत्र में कबाड का सामना एकत्र किया जाता है। जिस कारण से राष्ट्रीय राजमार्ग पर चलने वाले एवं खड़े करने वाले वाहनों को काफी असुविधा होती है। हाईवे पर या हाईवे के किनारे इस प्रकार के अतिक्रमण से कई बार गाड़ियां निखिल की वजह से पंचर होती है और वह बड़े हादसे को दावत देती है इन्हें कील कांटो की वजह से इसके आसपास कई बार दुर्घटनाएं भी हुई हैं जिससे लोगों को तथा उनके वाहनों को काफी छत भी होती रहती है पशु बाजार के निकट कबाड़ी के अतिक्रमण के कारण भविष्य में भी सड़क खराब होने की संभावना जताई जा रही है। जिस कारण से आने वाले दिनों में राज्य के राजस्व को हानि पहुंच सकती है। उक्त कबाड़ी द्वारा लगातार राष्ट्रीय राजमार्ग मसौली चौराहा के समीप पशु बाजार के निकट अवरुद्ध कर रखा है। इस ओर विभाग के स्थानीय जिम्मेदार अधिकारी भी ध्यान नहीं दे रहे हैं । उक्त लोगों पर सड़क राज्य अधिनियम के अंतर्गत मुकदमा दर्ज करने की मांग की है।

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