राष्ट्रीय गोकुल मिशन योजनान्तर्गत पशुओं का कृत्रिम गर्भाधान

राष्ट्रीय गोकुल मिशन योजनान्तर्गत 500 ग्राम पंचायतों के प्रत्येक ग्राम में 100 प्रजनन योग्य पशुओं का कृत्रिम गर्भाधान किया जायेगा।

प्रतापगढ़, मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डा0 विजय प्रताप सिंह ने अवगत कराया है कि राष्ट्रीय गोकुल मिशन योजनान्तर्गत जनपद में कृत्रिम आच्छादन प्रतिशत बढ़ाये जाने हेतु भारत सरकार द्वारा दिनांक माह अगस्त 2020 से 31 मई 2021 तक संचालित किये जाने वाले राष्ट्रव्यापी कृत्रिम गर्भाधान कार्यक्रम एन0ए0आई0पी0 फेज.2 में जनपद के 500 ग्रामों का चयन किया गया है जिसमें प्रत्येक ग्राम में न्यूनतम 100 प्रजनन योग्य पशु होने चाहिये इस प्रकार जनपद में 50000 पशुओं का आच्छादन किया जाना है जिसमें 17 विकास खण्डों में 35 पशु चिकित्साधिकारीए 35 पशुधन प्रसार अधिकारी एवं विकास खण्ड स्तर के ग्राम पंचायतों से ग्राम प्रधानध्पशु चिकित्साधिकारी द्वारा चयनित बैक्सीनेटरों व हेल्परों के माध्यम से प्रचार प्रसार करते हुये रोस्टरवार प्रत्येक ग्रामोंध्मजरों में पशुपालकों के पशुओं में कृत्रिम गर्भाधान टीम के माध्यम से घर.घर पहुॅचकर किया जायेगा।

जेनेटिव अपग्रेडेशन प्रोग्राम भारत सरकार द्वारा संचालित है जिसका उद्देश्य स्वदेशी नस्ल के कम दुग्ध उत्पादन वाले गोवंशीय एवं महिषवंशीय दुधारू पशुओं का हाई इल्डिंग इन्डीजिनस ब्रीड के वीर्य से गर्भित किया जायेगा। गर्भित गायध्भैंस द्वारा देशी नस्ल के उन्नत नस्ल के बछियाध्कटिया पैदा होगी। इस योजना में जनपद के 500 चयनित ग्राम पंचायतों में प्रत्येक ग्राम में 100 प्रजनन योग्य पशुओं का कृत्रिम गर्भाधान किया जायेगा। कृत्रिम गर्भाधान कार्यकर्ता द्वारा पशुपालक के द्वार पर निःशुल्क कृत्रिम गर्भाधान एवं गर्भ परीक्षण किया जायेगा। इस हेतु सम्बन्धित गायध्भैस के कान में ईयर टैग लगाना अनिवार्य है। कृत्रिम गर्भाधान हेतु पशुपालक को अपना आधार कार्ड नम्बरए मोबाइल नम्बर एवं अन्य जानकारियॉ प्रदान करनी होगी।

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