
मुख्यमंत्री ने गोरखपुर में कल्याण मण्डपम् के लोकार्पण सहित लगभग 612 करोड़ रु0 की 71 परियोजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास किया। जब सरकार साफ नीयत, स्पष्ट नीति तथा दृढ़ इच्छाशक्ति से कार्य करती है, तो विकास के बेहतरीन परिणाम सामने आते। आज इस क्षेत्र के मोहल्लों में शादी या कोई भी सार्वजनिक कार्यक्रम करने के लिए एक अत्याधुनिक कल्याण मण्डपम् प्राप्त हो रहा, यह मेरी विधायक निधि और गोरखपुर विकास प्राधिकरण के सहयोग से निर्मित हुआ। गोरखपुर में 270 करोड़ रु0 लागत से एकीकृत मण्डलीय कार्यालय के निर्माण कार्य का शिलान्यास किया गया, इस कार्यालय में एक ही भवन में मण्डल स्तर के सभी विभागों के अधिकारी बैठेंगे। हर तबके को आवास की सुविधा उपलब्ध कराने हेतु 173 करोड़ रु0 की लागत से कुश्मी एन्क्लेव बहुमंजिली आवासीय योजना का शिलान्यास। सभी परियोजनाएं आम जनमानस की सुविधाओं को बेहतर बनाने तथा उनके सपनों को नई उड़ान देने का माध्यम। जंगल नकहा में फर्टिलाइजर और स्पोर्ट्स कॉलेज की कनेक्टिविटी के लिए रेलवे ओवर ब्रिज का सपना साकार हुआ। गोरखपुर-सोनौली मार्ग 4-लेन हो चुका, गोरखपुर से जंगल कौड़िया होते हुए जगदीशपुर कोनी तक नये बाईपास का निर्माण हो रहा। गति जितनी तेज होगी, विकास उतना तेज होगा, विकास जितना तेज होगा, व्यक्ति की समृद्धि भी उतनी ही तेज होगी, इसी समृद्धि को आगे बढ़ाने के लिए हमने गोरखपुर का विस्तार किया। आज गोरखपुर की पहचान सुरक्षा, स्वच्छता, अच्छी सड़कों तथा समृद्धि से निर्माणाधीन रिंग रोड आने वाले समय में यहाँ के विस्तार का आधार बनेगी।
गोरखपुर। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी ने गोरखपुर के माधवनगर, जंगल बेनीमाधव में 05 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित कल्याण मण्डपम् (कन्वेंशन सेण्टर) के लोकार्पण सहित लगभग 612 करोड़ रुपये की 71 परियोजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास किया। उन्होंने कल्याण मण्डपम् का निरीक्षण कर, वहाँ की व्यवस्थाओं की जानकारी प्राप्त की तथा इसके परिसर में पौधरोपण भी किया।आज इस क्षेत्र के मोहल्लों में शादी या कोई भी सार्वजनिक कार्यक्रम करने के लिए एक अत्याधुनिक कल्याण मण्डपम् प्राप्त हो रहा है। साथ ही, 612 करोड़ रुपये लागत की विकास परियोजनाओं की सौगात भी गोरखपुर महानगरवासियों को प्राप्त हो रही है। कल्याण मण्डपम् में कोई भी सार्वजनिक कार्यक्रम करने की व्यवस्था रहेगी। इसके सभागार में 300 लोग बैठ सकते हैं। ऊपरी मंजिल पर भी एक सभागार है। पांच-छह अटैच रूम अलग से हैं।
क्षेत्रवासी कल्याण मण्डपम् में आकर इसके बड़े प्रांगण में आसानी से बेटी की शादी, बच्चों का मुण्डन संस्कार, कोई बैठक या अन्य सार्वजनिक कार्यक्रम सम्पन्न कर सकते हैं। अब यहां के लोगों को उनके मोहल्ले में ही यह सभी सुविधाएं प्राप्त हो जाएगी। यह कल्याण मण्डपम् मेरी विधायक निधि और गोरखपुर विकास प्राधिकरण के सहयोग से निर्मित हुआ है। लोगों को विवाह एवं अन्य सार्वजनिक कार्यक्रम किसी होटल, मैरिज लॉन या सड़क पर टेण्ट लगाकर करने की निर्भरता खत्म होगी।आज यहाँ गोरखपुर के विकास की 612 करोड़ रुपये लागत की परियोजनाओं के लोकार्पण एवं शिलान्यास का कार्यक्रम भी सम्पन्न हुआ है। इनमें 270 करोड़ रुपये लागत से एकीकृत मण्डलीय कार्यालय का निर्माण कार्य शामिल है। इस कार्यालय में एक ही भवन में मण्डलायुक्त के कार्यालय के साथ-साथ मण्डल स्तर के सभी विभागों के अधिकारी बैठेंगे, जिससे जनता को सभी विभागों की सेवाएँ एक ही जगह प्राप्त होंगी। अब लोगों को अलग-अलग स्थानों पर नहीं जाना होगा, बल्कि एक ही भवन में मण्डल स्तर के सभी अधिकारियों के कार्यालय होंगे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि गोरखपुर में गरीब, मध्यम वर्ग तथा उच्च वर्ग सहित हर तबके के लिए आवास की सुविधा उपलब्ध कराने हेतु 173 करोड़ रुपये की लागत से कुश्मी एन्क्लेव बहुमंजिली आवासीय योजना का शिलान्यास भी हुआ है। इसके साथ ही गोरखपुर महानगर में आर0सी0सी0 नाला, सड़क आदि कार्यों, सोनौली मार्ग पर प्रवेश द्वार के निर्माण, विभिन्न स्थानों पर पथ-प्रकाश आदि सुविधाओं से सम्बन्धित परियोजनाओं का शिलान्यास किया गया है। यह योजनाएँ आम जनमानस से जुड़ी हैं, जो उनकी सुविधाओं को बेहतर बनाने तथा उनके सपनों को नई उड़ान देने का एक माध्यम हैं। यह गोरखपुरवासियों के जीवन को आसान करेंगी।
गोरखपुर महानगर में 09 कल्याण मण्डपम् का निर्माण कराया जा रहा है, जिनमें से 03 में विधायक निधि से धनराशि दी गई, इनका उद्घाटन हो चुका है। 04 कल्याण मण्डपम् निर्माणाधीन हैं। गोरखपुर में बाबा गम्भीरनाथ मानबेला, जंगल तुलसीराम पश्चिमी बिछिया, खोराबार तथा सूरजकुण्ड में कल्याण मण्डपम् का लोकार्पण हो चुका है। माधव नगर कल्याण मण्डपम् का आज लोकार्पण सम्पन्न हुआ है। अन्य कल्याण मण्डपम् का निर्माण भी शीघ्र पूरा हो जाएगा। इनमें खोराबार व सूरजकुण्ड के कल्याण मण्डपम् नगर निगम ने बनाए हैं। गरीब और अमीर के भेदभाव को समाप्त करके हर व्यक्ति अपने कार्यक्रमों को आसानी सम्पन्न कर सके, इसके लिए यह बेहतरीन कल्याण मण्डपम् उपलब्ध कराए जा रहे हैं।
मुख्यमंत्री जी ने कहा कि जब अच्छी सरकार आती है, तो अच्छा कार्य भी करती है। वर्ष 2017 के पहले प्रदेश में तथा वर्ष 2014 के पहले देश में कोई नहीं सोचता था कि गोरखपुर का बन्द खाद कारखाना पुनः संचालित होगा। आज यह खाद कारखाना पूरी मजबूती के साथ चल रहा है। विकास के अनेक कार्य हो रहे हैं। जंगल नकहा में फर्टिलाइजर और स्पोर्ट्स कॉलेज की कनेक्टिविटी के लिए रेलवे ओवर ब्रिज का सपना भी साकार हुआ है। बरगदवा से नकहा होते हुए मोहद्दीपुर तक 4-लेन सड़क भी बन गयी है। हाबर्ट बन्धा से महेसरा होते हुए सड़क का निर्माण युद्धस्तर पर चल रहा है। महेसरा से लखनऊ जाने वालों को अब शहर में जाने की जरूरत नहीं पड़ेगी।
पहले गोरखपुर से लखनऊ जाने में 08 से 09 घण्टे लगते थे। आज मात्र तीन से साढ़े तीन घण्टे में गोरखपुर से लखनऊ पहुँचा जा सकता है। आज गोरखपुर से लखनऊ जाने के लिए 02 मार्ग हैं। बस्ती-अयोध्या होते हुए तथा पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे से गोरखपुर लिंक एक्सप्रेस-वे के माध्यम से सीधे लखनऊ पहुंच सकते हैं। गोरखपुर से वाराणसी जाने में पहले चार से पाँच घण्टे लगते थे। आज ढाई घण्टे में गोरखपुर से वाराणसी पहुंचा जा सकता है। गोरखपुर-सोनौली मार्ग 4-लेन हो चुका है। गोरखपुर से जंगल कौड़िया होते हुए जगदीशपुर कोनी तक नये बाईपास का निर्माण हो रहा है। कुशीनगर जाने के लिए गोरखपुर शहर में जाने की आवश्यकता नहीं है। यहाँ से बालापार में फ्लाई ओवर के आगे एक बाईपास के माध्यम से आधे घण्टे में कुशीनगर पहुँचा जा सकता है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि गति जितनी तेज होगी, विकास उतना तेज होगा और विकास जितना तेज होगा, व्यक्ति की समृद्धि भी उतनी ही तेज होगी। समाज और देश भी समृद्ध होगा। इसी समृद्धि को आगे बढ़ाने के लिए हमने गोरखपुर का विस्तार भी किया है। गोरखपुर में निर्माणाधीन रिंग रोड आने वाले समय में यहाँ के विस्तार का आधार बनेगी। आज एम्स तथा बी0आर0डी0 मेडिकल कॉलेज बेहतर तरीके से काम कर रहे हैं। गोरखपुर में आयुष विश्वविद्यालय बन गया है। नयी-नयी सुविधाओं का विकास हुआ है। यह सभी कार्य इसलिए हुए हैं, जिससे जनता को राहत, नौजवानों को रोजगार, महिलाओं को स्वावलम्बन के पथ पर आगे बढ़ने के अवसर मिले, व्यापारियों का कारोबार बढ़े और नया निवेश आए। इसीलिए हमने गोरखपुर की पुरानी छवि को बदला है। जहाँ पहले गोरखपुर की पहचान मच्छर और माफिया से थी, वहीं आज गोरखपुर से मच्छर और माफिया दोनों गायब हो गए हैं।
अब गोरखपुर की पहचान सुरक्षा, स्वच्छता, अच्छी सड़कों तथा समृद्धि से होती है। अब गोरखपुर सहित उत्तर प्रदेश के किसी नौजवान को अपनी पहचान के लिए मोहताज नहीं होना पड़ता है। अब यहाँ के लोगों को शक की निगाह से नहीं देखा जाता, बल्कि सम्मान से देखा जाता है। सरकार ने प्रदेश में सुरक्षा का बेहतरीन माहौल देकर समृद्धि का मार्ग प्रशस्त किया है तथा प्रदेशवासियों को नयी पहचान दी है। इसी दिशा में आज यहां विभिन्न विकास कार्यां का लोकार्पण व शिलान्यास किया गया है। पहले महेसरा में शाम के समय बहुत ट्रैफिक जाम लगता था। आज 04-लेन सड़क बन जाने से यहाँ का जाम समाप्त हुआ है। लोग सुरक्षित हैं। कार्य करने की नीयत होनी चाहिए। जब सरकार साफ नीयत, स्पष्ट नीति तथा दृढ़ इच्छाशक्ति से कार्य करती है, तो विकास के बेहतरीन परिणाम सामने आते हैं। जो सरकार जनता के पैसों की लूट करेगी, गुण्डों को प्रश्रय देगी तथा धर्म का अपमान करेगी, जनता उन्हें उखाड़ फेकेगी।कार्यक्रम को सांसद रवि किशन शुक्ल तथा महापौर डॉ0 मंगलेश श्रीवास्तव ने सम्बोधित किया। इस अवसर पर जनप्रतिनिधिगण तथा गणमान्य नागरिक उपस्थित थे।























