जनसेवा केन्द्र/सीधे फसल बीमा पोर्टल पर आनलाइन बीमा-जिलाधिकारी

अयोध्या। वर्ष 2020-21, 2021-22 एवं 2022-23 तक स्थानिक आपदाओं ओला, भूस्खलन व जल प्लावन के जोखिमों अथवा फसल कटाई के उपरांत आगामी 14 दिनों की अवधि में खेत में कटी हुई फसलों को बेमौसम/चक्रवाती वर्षा, चक्रवात के जोखिमों से क्षति की स्थिति में फसल के उत्पादन लागत से व्यय के अनुरूप क्षति के आंकलन हेतु निर्धारित की गयी है। उन्होंने बताया कि योजना में फसलों की क्षति का आंकलन बीमा इकाई स्तर पर किया जायेगा। व्यापक आपदाओं में ग्राम पंचायत एवं स्थानिक आपदाओं में व्यक्तिगत कृषक के खेत को बीमा इकाई के रूप में मानते हुये फसलों की क्षति का आंकलन किया जायेगा।

जिलाधिकारी अनुज कुमार झा ने बताया कि जनपद अयोध्या के समस्त विकासखण्डों में पूर्व वित्तीय वर्ष 2020-21 की तरह इस वर्ष भी 2021-22 एवं 2022-23 के खरीफ एवं रबी मौसम में प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना लागू है। इस योजना के अन्तर्गत जनपद में खरीफ में धान तथा रबी में गेहूं की फसल को अधिसूचित किया गया है। इस योजना के क्रियान्वयन हेतु एग्रीकल्चर इन्श्योरेंस कम्पनी आफ इण्डिया लि0 अधिकृत है।

योजना में अधिसूचित क्षेत्र ग्राम पंचायत में अधिसूचित फसलों को प्राकृतिक आपदाओं व रोके न जा सकने वाले अन्य जोखिमों तथा रोगों, कृमियों से फसल नष्ट होने की स्थितियों में कृषकों जिनके द्वारा फसल का बीमा कराया गया है, को बीमा कवर के रूप में वित्तीय सहायता प्रदान की जायेगी, जिसमें व्यापक आपदाओं से फसलों की क्षति की स्थितियां व स्थानिक आपदाओं से फसलों की क्षति की स्थितियां है। कृषकों को आपदा के 72 घंटे के अंदर व्यक्तिगत दावा बीमा कम्पनी को प्रस्तुत किया जाना आवश्यक होगा।

कृषक द्वारा स्वयं अथवा बीमा कम्पनी के टोल फ्री नम्बर सम्बंधित बैंक शाखा, जनपद के कृषि अथवा राजस्व विभाग के किसी भी स्तर के अधिकारी अथवा ग्राम प्रधान, क्षेत्र पंचायत सदस्य के माध्यम से व्यक्तिगत दावा बीमा कम्पनी को प्रस्तुत किया जा सकता है। अधिसूचित क्षेत्र में अधिसूचित फसल को उगाने वाले सभी कृषक खरीफ मौसम में दिनांक 31 जुलाई एवं रबी मौसम में दिनांक 31 दिसम्बर की अंतिम तिथि तक योजना में सम्मिलित हो सकेंगे।


जिलाधिकारी ने आगे बताया कि वर्ष 2020-21, 2021-22 एवं 2022-23 के खरीफ व रबी मौसम में पुर्नगठित मौसम आधारित फसल बीमा जनपद के कई विकासखण्डों में लागू किया गया है। इस योजना के क्रियान्वयन हेतु एग्रीकल्चर इन्श्योरेंस कम्पनी आफ इण्डिया लि0 अधिकृत है। खरीफ फसल केला हेतु विकासखण्ड सोहावल, रूदौली, मयाबाजार, पूराबाजार, बीकापुर एवं तारून कुल 6 ब्लाक में जोखिम कवरेज अवधि/बीमा अवधि 1 जुलाई से 30 सितम्बर तक कृषको द्वारा बीमा कराने की अंतिम तिथि 31 जुलाई है।

रबी फसल टमाटम हेतु विकासखण्ड सोहावल, रूदौली, मयाबाजार, पूराबाजार, बीकापुर एवं तारून कुल 8 ब्लाक में जोखिम कवरेज अवधि/बीमा अवधि 1 दिसम्बर से 31 मार्च तक कृषको द्वारा बीमा कराने की अंतिम तिथि 30 दिसम्बर है। रबी फसल आम हेतु विकासखण्ड मसौधा, सोहावल एवं मयाबाजार कुल 3 ब्लाक में जोखिम कवरेज अवधि/बीमा अवधि 16 दिसम्बर से 31 मई तक कृषको द्वारा बीमा कराने की अंतिम तिथि 15 दिसम्बर है। खरीफ फसल केला हेतु बीमित राशि 1,50,000/ रबी फसल टमाटर हेतु बीमित राशि 50,000/ व रबी फसल आम हेतु बीमित राशि 70,000/ है।

फसलों की क्षति का आंकलन एवं क्षतिपूर्ति में मौसम की वास्तविक स्थिति के निर्धारण हेतु प्रत्येक ब्लाक में 02 स्वचालित मौसम केन्द्र को स्थापित कराया जायेगा। क्षति का आंकलन वर्षा, तापमान, तेज हवा, आर्दता आदि के प्रतिदिन के आंकड़ों के आधार पर किया जायेगा। फसलों की क्षति का आंकलन बीमा की इकाई स्तर पर किया जायेगा। ब्लाक में स्थापित मौसम केन्द्र के अन्तर्गत आच्छादित क्षेत्र को बीमा की इकाई के रूप में अधिसूचित किया गया है। ऋणी किसानों का संबंधित बैंक द्वारा स्वतः कवर किया जायेगा। यदि बीमा नही लेना है तो अपने बैंक शाखा स्तर पर बीमा कराने की अंतिम तिथि के 7 दिन पहले तक प्रतिभागिता नही करने के संबंध में लिखित रूप से बैंक को देना होगा। गैर ऋणी कृषक स्वैच्छिक आधार पर निकटतम बैंक शाखा/बीमा कम्पनी के एजेंट/जनसेवा केन्द्र/सीधे फसल बीमा पोर्टल पर आनलाइन बीमा करा सकेंगे।

यह आवश्यक है कि बैंक शाखा द्वारा ऋणी कृषक की प्रीमियम अंश की कटौती बीमा कराने की कट आफ डेट के अंतिम 7 दिनों में करें। नये केसीसी बनाने के समय पुराने केसीसी को नवीनीकृत करने के समय, बैंक संबंधित किसान को फसल बीमा में प्रतिभागिता के संबंध में जानकारी देगी। इस सम्बंध में मुख्य विकास अधिकारी, उपकृषि निदेशक, जिला प्रबन्धक अग्रणी बैंक, बैंक आफ बड़ौदा, जिला कृषि अधिकारी, जिला उद्यान अधिकारी, समस्त उप संभागीय कृषि प्रसार अधिकारी, समस्त खण्ड विकास अधिकारी, सहायक सूचना निदेशक तथा एग्रीकल्चर इन्श्योरेंस कम्पनी आफ इण्डिया लि0 को आवश्यक कार्यवाही हेतु भेजी जा चुकी है।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button