Thursday, March 19, 2026
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निर्माण नहीं विध्वंस के रहे योगी सरकार के 9 वर्ष-अजय राय

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निर्माण नहीं विध्वंस के रहे योगी सरकार के 9 वर्ष-अजय राय
निर्माण नहीं विध्वंस के रहे योगी सरकार के 9 वर्ष-अजय राय

निर्माण नहीं, विध्वंस के रहे हैं योगी सरकार के 9 वर्ष। भूमि विकास बैंक किसानों के साथ कर रहा सूदखोरों जैसा व्यवहार। “विकास” के दावों के बीच 9 साल की तस्वीर पर सवाल उठ रहे हैं। योगी सरकार पर आरोप है कि निर्माण कम, विध्वंस ज्यादा हुआ। वहीं भूमि विकास बैंक के रवैये को लेकर किसान परेशान हैं—उनका कहना है कि वसूली का तरीका सूदखोरों जैसा हो गया है।

लखनऊ।
उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष अजय राय जी-पूर्व मंत्री ने आज प्रदेश कांग्रेस कार्यालय लखनऊ पर प्रेस वार्ता को सम्बोधित किया। प्रेसवार्ता में उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी मीडिया विभाग के चेयरमैन डॉ0 सी0पी0 राय जी-पूर्व मंत्री, वाइस चेयरमैन मनीष हिंदवी, प्रदेश प्रवक्ता डॉ उमा शंकर पाण्डेय, अंशू अवस्थी, सचिन रावत, जिला कांग्रेस कमेटी आगरा के अध्यक्ष रामनाथ सिकरवार, किसान कांग्रेस आगरा के जिलाध्यक्ष मुकेश डागुर आदि प्रमुख रूप से मौजूद रहे।

प्रेसवार्ता को सम्बोधित करते हुए प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय जी ने कहा कि कल योगी जी अपने सरकार के बीते 9 वर्ष की उपलब्धियों का ढ़िढोरा पीट रहे थे और बता रहे थे कि यह 9 वर्ष नव-निर्माण के रहे हैं। सच यह है कि यह बातें पूरी तरह से झूठी हैं और सच्चाई इससे पूरी तरह अलग है। श्री राय ने कहा कि मैं आपके समक्ष 9 बातें रखता हूं जो इनके 9 विध्वंश की पोल खोलेंगी।

1. 15 मार्च 2026 को 1519 करोड़ की लागत से बने लखनऊ में ग्रीन कॉरिडोर का उद्घाटन होता है और अगले ही दिन वह सड़क धंस जाती है, जो इस सरकार के महाभ्रष्ट होने का प्रमाण है।

2. सूदखोरों का एक ऐसा मकडजाल इस प्रदेश में फैला है जो इनकी जीरों टॉलरेंस की नीति को ठेंगा दिखाता है जिसके चंगुल में फंसकर हजारों परिवार बर्बाद हो रहे हैं। हालिया उदाहरण जनपद फतेहपुर का है जहां एक परिवार ने 5 लाख रुपये सूद पर लिए थे और उसके बदले 27 लाख 50 हजार देने के बाद भी तकादा जारी था अंततः परिवार ने थक कर आत्महत्या कर ली।

3. यह सरकार अपने कर्मचारियों का हित भी सुरक्षित नहीं रख पा रही, मोहनलालगंज रोजगार सेवक रमेश प्रजापति ने मानदेय न मिलने के कारण आर्थिक तंगी के चलते आत्महत्या कर ली यह रोजगार सेवक सरकार के वह मुस्तैद सिपाही हैं जो हर विषम परिस्थिति में काम करते है। जैसे एसआईआर की पूरी प्रक्रिया इन्हीं लोगों के बल पर संपन्न हुई।

4. भाजपा सरकार अपने कर्मचारियों को भी बचा पाने में असमर्थ सिद्ध हो रही है। बदायूं के एच0पी0सी0एल0 प्लांट में जो एक निषिद्ध क्षेत्र होता है वहां घुसकर सरकारी कार्य कर रहे दो अधिकारियों की हत्या कर दी गई है। हत्यारा वहां के भाजपा विधायक का ही गुर्गा है।

5. यह सरकार बार-बार काशी का विकास-काशी का विकास की चर्चा करती है जबकि सच यह है कि इसने काशी की सांस्कृतिक विरासत की हत्या की है।

6. किसानों की शुभचिंतक बनने वाली इस भाजपा सरकार का सच यह है कि यह किसानों को पूरी तरह से बर्बाद करने पर तुली हुई है। हाल फिलहाल में आलू के किसान पूरी तरह से बर्बाद हो चुके हैं। आगरा से आए किसान नेता मुकेश डागुर ने बताया कि 1 कुंटल बुआई की लागत 1200-1500 है और बिक्री 200-300 रुपये प्रति कुन्तल हो रही है। हर बुआई से पहले यूरिया की कालाबाजारी होती है।

7. भाजपा सरकार कानून व्यवस्था पूरी तरह से ध्वस्त हो चुकी है अगर सिर्फ पिछले तीन दिनों की बात करें तो गोरखपुर में पार्षद की सरेआम हत्या, कानपुर में 11 साल की बच्ची से दुष्कर्म के बाद हत्या, बरेली में डबल मर्डर, भदोही में जैसल सरोज को पेट्रोल डालकर जिंदा जलाने जैसी निर्मम घटनाऐं घटी हैं।

8. शिक्षा की बात करने वाली इस सरकार का बदहाल चेहरा यह है कि स्कूलों में बच्चियों से मिड डे मील बनवाया जा रहा है (आज पीलीभीत के एक विद्यालय का वीडियो प्रेस वार्ता के दौरान दिखाया गया) इसी क्रम में उन्होंने प्रदेश के जनपद मेरठ के एक विद्यालय का वीडियो दिखाया जहां 10 कुंतल गेहूं सडकर कचरा हो गया है।

9. प्रेस वार्ता में जिला कांग्रेस कमेटी आगरा के अध्यक्ष रामनाथ  सिकरवार एवं किसान कांग्रेस आगरा के अध्यक्ष मुकेश डागुर के साथ कई किसान अपनी एक बहुत गंभीर समस्या के साथ प्रेसवार्ता में उपस्थित हुए। श्री सिकरवार ने बताया कि कैसे आगरा का भूमि विकास बैंक जो अब राज्य सहकारी कृषि और ग्रामीण विकास बैंक हो गया है कैसे किसानों के साथ सूदखोरों जैसा व्यवहार कर रहा है और सभी आए हुए किसानों ने इस बैंक के लूट की दास्तान सुनाई बैंक के कारनामे कुछ इस प्रकार से हैं-

1. भगवान दास द्वारा वर्ष 1997 में लोन लिया 18000, वर्ष 2016 में 4 लाख 18 हजार चुका कर खत्म कर दिया गया। उन्हीं कागजों पर पुनः दोबारा बैंक के दलालों द्वारा एक फर्जी लोन कर दिया गया और उसका तकादा अब भगवान दास द्वारा किया जा रहा है।

2.  अतर सिंह द्वारा वर्ष 2003 में लोन लिया गया 2 लाख 88 हजार, जमा किया 4 लाख 98 हजार और वर्ष 2025 में 20 लाख 14 हजार की देनदारी निकाल दी गई है।

3. भूरी सिंह द्वारा वर्ष 2012 में लोन लिया 78 हजार, मिला 60 हजार, 10 हजार जमा किया और वर्ष 2025 में 5 लाख 12 हजार की देनदारी बताई जा रही है।

4. शिवराम द्वारा वर्ष 2014 में लोन लिया 4 लाख 95 हजार, 3 लाख जमा किया और 2025 में 20 लाख की देनदारी बाकी है।

5. माने द्वारा वर्ष 2006 लोन लिया 1 लाख 20 हजार, मिला 72 हजार बाकी पैसा बैंक के अधिकारियों और दलालों द्वारा हजम कर दिया गया, 1 लाख 29 हजार जमा करने के बाद भी वर्ष 2025 में 4 लाख 50 हजार की देनदारी बाकी का नोटिस थमा दिया गया है।

6. रनवीर सिंह द्वारा वर्ष 2014 में लोन लिया गया 65 हजार, मिला 45 हजार, 1 लाख 50 हजार जमा किया वर्ष 2025 में 5 लाख 20 हजार की देनदारी है।

7. रामेश्वर द्वारा वर्ष 2011 में लोन लिया 1 लाख, मिला 70 हजार, 1 लाख वापस कर दिया, 2025 में 4 लाख की देनदारी बाकी बताकर बैंक द्वारा प्रताड़ित किया जा रहा है।

सैया ब्लाक के सुनील ने 2018 में 1 लाख रुपये लोन लिया 70 हजार मिला, जिसमें से 35 हजार जमा कर दिए, 2025 में 6 लाख 50 हजार की देनदारी दिखा दी कुर्की की धमकी दी जिससे आहत होकर सुनील ने आत्महत्या कर ली। श्री राय ने कहा कि योगी सरकार बीते नौ वर्षों में पूरी तरह से नाकाम साबित हुई है, सिर्फ मंच पर खडे़ होकर आत्ममुग्ध मुख्यमंत्री जी आत्मसलाघा में डूबी हुई बातें करते हैं। विध्वंश क इन 9 वर्षों में प्रदेश के प्रत्येक वर्ग का नुकसान हुआ है न युवाओं को रोजगार मिला न ही महिलाओं को सुरक्षा, न किसानों को उपज का दाम मिला, न मजदूरों को उनकी मजदू, न व्यापारियों का व्यापार बढ़ा और ना ही प्रदेश की जनता को मिला आत्म सम्मान से जीने का माहौल।