Monday, February 23, 2026
Advertisement
Home उत्तर प्रदेश असरदार जेल हेड वार्डर की वापसी

असरदार जेल हेड वार्डर की वापसी

425
फटे पुराने कंबलों के सहारे रात काट रहे जेलों में कैदी!
फटे पुराने कंबलों के सहारे रात काट रहे जेलों में कैदी!

असरदार जेल हेड वार्डर की गाजियाबाद से हुई नोएडा वापसी। कई दशकों से विभिन्न जेलों से अटैच होकर गाजियाबाद में किया कार्य।बीते दिनों नोएडा वापसी के लिए कराए थे तीन जेलर के तबादले ।

राकेश यादव

लखनऊ। पश्चिम की विभिन्न जेलों से संबद्ध होकर गाजियाबाद में काम करने वाले हेड वार्डर को नोएडा जेल वापस कर दिया गया। यह हेड वार्डर पिछले करीब दो दशक से अधिक समय से घूम फिरकर गाजियाबाद जेल पर बना हुआ था। गाजियाबाद जेल में सत्ता परिवर्तन के बाद नोएडा जेल वापसी की आशंका को देखते हुए पिछले दिनों हेड वार्डर ने तीन जेलरों को इधर उधर करा दिया था। इस वापसी का खुलासा पहले ही कर दिया गया था।

बीती 29 जून को शासन ने 15 जेल अधीक्षक के स्थानांतरण की सूची जारी की। इस सूची में गाजियाबाद जेल पर तैनात आलोक सिंह को बांदा जेल पर स्थानांतरित कर दिया गया। मुजफ्फरनगर जेल पर तैनात सीताराम शर्मा को गाजियाबाद जेल पर तैनात किया गया। जेल के सत्ता परिवर्तन होते ही लंबे समय से गाजियाबाद जेल पर जमा हेड वार्डर वर्चस्व को लेकर हरकत में आया। गौतमबुद्धनगर (नोएडा) जेल से गाजियाबाद जेल पर संबद्ध होकर काम कर रहे हेड वार्डर ने आनन-फानन में तीन जेलरों को इधर-उधर करा दिया।

सूत्रों का कहना कि लंबे समय से घूम फिरकर गाजियाबाद में जमें हेड वार्डर का पूर्व अधीक्षक के कार्यकाल में दबदबा था। जेल की सत्ता परिवर्तन के बाद आए तेजतर्रार अधीक्षक के आगे वर्चस्व खत्म होने की आशंका को देखते हुए हेड वार्डर ने अपनी वापसी की आशंका को देखते हुए तीन जेलरों को इधर-उधर करा दिया। अपने चहेते मेरठ के जेलर को गौतमबुद्धनगर जेल पर तैनात करा दिया था। मंगलवार को जेल मुख्यालय ने हेड वार्डर का अटैचमेंट समाप्त कर उसको नोएडा जेल वापस कर दिया। नोएडा जेल के पूर्व जेलर से सामंजस्य ठीक नहीं होने के कारण अपने चहेते जेलर को स्थानांतरित करा दिया। चर्चा है कि यह हेड वार्डर घूम फिरकर लंबे समय से पश्चिम की कमाऊ जेलों पर ही बना हुआ है। इस संबंध में जब पुलिस महानिदेशक/महानिरीक्षक कारागार पीवी रामाशास्त्री से संपर्क करने का प्रयास किया गया तो उनसे बात नहीं हो सकी। मुख्यालय के एक अधिकारी ने हेड वार्डर का अटैचमेंट समाप्त करके उसके नोएडा जेल वापस किए जाने की पुष्टि की है।

पहले भी हो चुके हेड वार्डर को हटवाने के कई प्रयास

विभागीय मामलों की सर्वोच्च न्यायालय में पैरवी के लिए नोएडा से गाजियाबाद में लगाए गए हेड वार्डर का गाजियाबाद जेल में जलवा रहा। अधीक्षक से लेकर सभी मातहत अधिकारी और सुरक्षाकर्मी उसकी कार्यप्रणाली का विरोध करने की हिम्मत नहीं जुटा पाते थे। जिसने भी उसके खिलाफ आवाज उठाई उसे या तो वहां से हटा दिया गया फिर किसी मामले में दंडित कर दिया गया। विभाग के पूर्व मंत्री ने भी इसको हटवाने का प्रयास जरूर किया, लेकिन वह इसे तो हटा नहीं पाए खुद ही हट गए। ऐसा पहली बार नहीं हुआ इससे पहले भी कई बार लोगों ने इसको हटवाने का प्रयास किया लेकिन हटवाने वाले हट गए वह वहीं जमा रहा।