Friday, March 27, 2026
Advertisement
Home उत्तर प्रदेश लखनऊ स्वस्थ शरीर में ही स्वस्थ मस्तिष्क निवास करता है-डा0 जगदीश गाँधी

स्वस्थ शरीर में ही स्वस्थ मस्तिष्क निवास करता है-डा0 जगदीश गाँधी

255

सी.एम.एस. का ‘वार्षिक खेलकूद समारोह’ सम्पन्न,स्वस्थ शरीर में ही स्वस्थ मस्तिष्क निवास करता है।


लखनऊ। सिटी मोन्टेसरी स्कूल, कानपुर रोड कैम्पस द्वारा बड़े ही भव्य स्तर पर ‘वार्षिक खेलकूद समारोह’ का आयोजन आज विद्यालय के खेल मैदान में सम्पन्न हुआ। सी.एम.एस. संस्थापक व प्रख्यात शिक्षाविद् डा. जगदीश गाँधी ने खेल मशाल प्रज्वलित कर खेल समारोह का विधिवत शुभारम्भ किया। इस अवसर पर अपने सम्बोधन में डा. गाँधी ने कहा कि खेलकूद बच्चों के स्वास्थ्य के लिए अतिआवश्यक है। स्वस्थ शरीर में ही स्वस्थ मस्तिष्क निवास करता है, अतः पढ़ाई के साथ-साथ खेलकूद का होना अतिआवश्यक है।इससे पहले, खेल समारोह का शुभारम्भ स्कूल प्रार्थना व विभिन्न रंगारंग शिक्षात्मक-साँस्कृतिक कार्यक्रमों से हुआ। इसके साथ ही, शानदार मार्च पास्ट में नन्हें-मुन्हें छात्रों का जबरदस्त उत्साह देखना सुखद था।

खेल की विभिन्न प्रतियोगिताओं में सर्वाधिक पदकों के जबरदस्त होड़ रही और छात्रों ने अपनी शक्ति, दमखम, प्रतिभा व क्षमता का भरपूर प्रदर्शन किया। जहाँ एक ओर प्री-प्राइमरी के नन्हें-मुन्हें छात्रों ने बैलून रेस, अल्फाबेट रेस, बैलसिंग द बाल रेस, बिग फिश रेस, टनल रेस, कलेक्ट द कोन्स आदि रोचक दौड़ प्रतियोगिताओं में अपनी चुस्ती-फुर्ती का प्रदर्शन किया तो वहीं दूसरी ओर प्राइमरी के छात्रों ने कैरट एण्ड रैबिट रेस, आब्सटेकल रेस, 25मी दौड़, 50मी दौड़, 100मी दौड आदि में जमकर हाथ आजमाये। इसके अलावा, छात्रों के अभिभावकों ने भी टॉस द स्कार्फ, पेग्युइन रेस एवं स्लिमनास्टिक्स आदि में अपने हुनर का प्रदर्शन किया।

सी.एम.एस. प्रेसीडेन्ट एवं मैनेजिंग डायरेक्टर प्रो. गीता गाँधी किंगडन ने कहा कि खेल समारोह की भूरि-भूरि प्रशंसा करते हुए कहा कि इस तरह के आयोजनों से छात्रों में आपसी सहयोग, आत्म विश्वास व जीवन में आगे बढ़ने की प्रेरणा मिलती है। सी.एम.एस. कानपुर रोड कैम्पस की वरिष्ठ प्रधानाचार्या डा. (श्रीमती) विनीता कामरान ने खेल समारोह की अभूतपूर्व सफलता हेतु छात्रों, शिक्षकों व अभिभावकों का हार्दिक आभार व्यक्त करते हुए कहा कि छात्रों के बौद्धिक विकास के लिए शारीरिक विकास का होना अति आवश्यक है और यह खेलों द्वारा ही सम्भव है।