Saturday, January 31, 2026
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कमाऊ जेलों पर तैनात होने के लिए सेटिंग गेटिंग में जुटे अधीक्षक!

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कमाऊ जेलों पर तैनात होने के लिए सेटिंग गेटिंग में जुटे अधीक्षक!
कमाऊ जेलों पर तैनात होने के लिए सेटिंग गेटिंग में जुटे अधीक्षक!

कमाऊ जेलों पर तैनात होने के लिए सेटिंग गेटिंग में जुटे अधीक्षक! मऊ अधीक्षक प्रीति सीतापुर तो कासगंज अधीक्षक राजेश सिंह कानपुर नगर जाएंगे। अयोध्या, गोरखपुर, देवरिया, आजमगढ़ और अम्बेडकरनगर जेल को मिलेंगे नए अधीक्षक। कमाऊ जेलों पर तैनात होने के लिए सेटिंग गेटिंग में जुटे अधीक्षक!

राकेश यादव

लखनऊ। जेल अधीक्षकों के सेवानिवृत होने से पहले ही खाली होने वाली जेलों पर तैनाती के लिए सेटिंग गेटिंग का खेल शुरू हो गया है। कानपुर नगर जेल के लिए कासगंज के अधीक्षक राजेश कुमार सिंह, मऊ जेल अधीक्षक सीतापुर, मऊ से मुख्यालय से संबद्ध किए गए अधीक्षक आनंद शुक्ला आजमगढ़ जेल, गोरखपुर से मुख्यालय संबद्ध किए गए दिलीप पांडेय अयोध्या जेल में तैनात होने की गोट बिछाने में लगे हुए। इन अधिकारियों की तैनाती होना तय भी माना जा रहा है। उधर विभाग के आला अफसरों ने इस मसले पर चुप्पी साध रखी है।

मिली जानकारी के अनुसार कल (31 जनवरी) शनिवार को कानपुर नगर जेल अधीक्षक बीडी पांडे, सीतापुर जेल अधीक्षक सुरेश कुमार सिंह, देवरिया जेल अधीक्षक प्रेम सागर शुक्ला और अम्बेडकरनगर जेल अधीक्षक शशिकांत मिश्रा सेवानिवृत हो रहे है। इन अधीक्षकों के सेवानिवृत होने से पहले ही कुछ जेल अधीक्षकों ने खाली हो रहे पदों पर तैनाती के लिए सेटिंग गेटिंग का खेल शुरू कर दिया है। कमाऊ जेलों पर तैनाती के लिए अधीक्षक कोई कोर कसर बाकी नहीं रखना चाह रहे हैं।

सूत्रों का कहना है कि मुजफ्फरनगर में बतौर जेलर तैनात रहे राजेश कुमार सिंह ने अधीक्षक पद पर प्रोन्नत होने के बाद बुलंदशहर जेल जाने की फ़िराक़ में लगे हुए थे लेकिन एक प्रभावी अधीक्षक ने उनके मंसूबों पर पानी फेर दिया था। सत्तारूढ़ पार्टी के कद्दावर मंत्री और नेता का संरक्षण प्राप्त इस अधीक्षक को स्थानांतरण सत्र के बाद कांसगंज जेल पर तैनात किया गया। करीब आठ माह पूर्व कासगंज जेल पर तैनात हुए अधीक्षक इन दिनों कानपुर नगर जेल पर तैनात होने की जुगत लगाने में जुटे हुए है। पिछली बार हुई चूक के कारण वह इस बार कोई कोर कसर बाकी नहीं रखना चाहते है।

इसी प्रकार आगरा जेल से महिला सहायक अधीक्षक की विशेष ड्यूटी मऊ जेल पर लगाया गया है। इस अधीक्षक को सीतापुर जेल भेजे जाने की तैयारी है। इसी प्रकार बंदी की मौत के बाद मऊ जेल से मुख्यालय संबद्ध हुए अधीक्षक आनंद शुक्ला आजमगढ़, गोरखपुर जेल से मुख्यालय संबद्ध अधीक्षक दिलीप पांडेय अयोध्या, आजमगढ़ अधीक्षक आशीष रंजन देवरिया जाने की फ़िराक़ में लगे हुए है। उधर इस संबंध में जब प्रमुख सचिव कारागार अनिल गर्ग से बात करने का प्रयास किया गया तो उनका फोन नहीं उठा।

कभी भी हो सकती आठ जेलों नए जेल अधीक्षकों की तैनाती

कानपुर नगर, सीतापुर, देवरिया और अम्बेडकरनगर जेल के अधीक्षकों के कल रिटायर हो जाने के बाद यह जेल अधीक्षक विहीन हो जाएंगी। इसके अलावा वर्तमान समय में अयोध्या और कन्नौज जेल में फ़रारी की घटना होने के बाद इन दोनों जेलों में भी अधीक्षक नहीं है। इसके साथ ही श्रावस्ती और मऊ जेल में नए जेल अधीक्षकों की तैनाती होनी है। अधीक्षकों की तैनाती को लेकर शासन और कारागार मुख्यालय में सेटिंग गेटिंग का खेल चल रहा है। इन जेलों पर नए अधीक्षकों की तैनाती का आदेश किसी भी समय जारी किया जा सकता है। कमाऊ जेलों पर तैनात होने के लिए सेटिंग गेटिंग में जुटे अधीक्षक!