
‘कृषि कानून विरोधी आंदोलन में एक भी किसान की मौत नहीं, बताना सरकार की बेहयाई’,सदन मेंं मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर द्वारा दिए गए जवाब पर आप के राज्यसभा सदस्य संजय सिंह नेे सरकार को घेेेेरा ।
महेंद्र सिंह
नई दिल्ली। कृषि कानून विरोधी आंदोलन में कितने किसानों की जान गई, इस संबंंध में लोकसभा में सम्मानित सदस्यों द्वारा उठाए गए सवाल पर कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर के जवाब को आम आदमी पार्टी के राज्यसभा सदस्य संजय सिंह ने सीधे-सीधे बेहयाई करार दिया। उन्होंने सरकार के इस जवाब को अफसोसजनक बताते हुए करीब सात सौ किसानों की शहादत को याद किया और उन्हें श्रद्धांजलि दी।
संजय सिंह ने कहा कि सरकार के इसी रवैये के कारण किसान सरकार की किसी भी बात पर भरोसा नहीं कर पा रहे। एमएसपी गारंटी कानून को लेकर समिति गठित करने की सरकार की पहल भी इसी लिए किसानों के मन में भरोसा नहीं भर पा रही है। झूठ पर चलने वाली इस सरकार के एक जिम्मेदार मंत्री ने सदन में पूरी बेहयाई के साथ झूठ बोलकर उन सैकड़ों किसानों की शहादत का अपमान किया है, जिनके सर्वोच्च बलिदान के कारण सरकार किसानों की मौत का वारंट रूपी ये कानून वापस लेने को मजबूर हुई है। हद तो यह है कि सरकार के वरिष्ठ मंत्री नरेंद्र सिंंह तोमर द्वारा इस तरह का बयान नहीं दिया गया, बल्कि लिखित रूप से यह जवाब सदन के माध्यम से सम्मानित सदस्यों द्वारा उठाए गए सवाल पर उनको उपलब्ध कराया गया है। संजय सिंह ने इसे लेकर एक ट्वीट भी किया। इसमें मंत्री के जवाब की प्रति के साथ लिखा कि ”सीधे-सीधे बेहयाई है। मोदी सरकार पर कैसे भरोसा करे किसान? सरकार तो कह रही “एक भी किसान की मौत नहीं हुई।”
























