
लखनऊ। अपर आयुक्त प्रशासन रण विजय यादव की अध्यक्षता में आयोजित 62वीं मण्डलीय पेंशन अदालत में कुल 09 प्रकरण प्रस्तुत किये गये, जिनमे 08 प्रकरणों का निस्तारण प्रकरणकर्ता की सहमति के आधार पर किया गया, शेष 01 प्रकरण के निस्तारण के लिए सम्बन्धित विभाग को कडे़ निर्देश दिये गये कि प्रकरण की आवश्यक कार्यवाही पूरी कर शीध्र उसका निस्तारण कराया जायें। अपर आयुक्त ने कहा कि पेंशन के मामलों के निस्तारण मे लापरवाही न बरती जाये तथा समयबद्धता के साथ सभी औपचारिकताए पूर्ण कराते हुए पेंशन एवं सेवानैवृत्तिक देयों का समय से भुगतान सुनिश्चित किया जाये।
अपर आयुक्त ने कहा कि पेंशन के मामले अति संवेदनशील होते हैं इससे सेवानिवृत्त अधिकारियों एवं कर्मचारियों की रोजमर्रा की जिन्दगी जुडी होती है। उन्होने सभी अधिकारियों से कहा है कि सेवानैवृत्तिक लाभों की देयता समय से सुनिश्चित की जानी चाहिए। उन्होने कहा कि पेंशन प्रकरणों के निस्तारण में किसी प्रकार की शिथिलता न बरती जायेे तथा निर्धारित समय सारिणी के अनुसार पेंशन प्रपत्र तैयार कराकर स्वीकृति की कार्यवाही की जानी चाहिए।
इस अवसर पर अपर निदेशक पेंशन एवं कोषागार इन्द्रजीत विश्वकर्मा ने बताया कि आज की आयोजित 62वीं मण्डलीय पेंशन अदालत में कुल 07 आवेदन पत्र प्राप्त हुए जिसमें में से सभी प्रकरणो का निस्तारण किया गया। अपर निदेशक पेंशन एवं कोषागार ने बताया कि पेंशन अदालत में 02 पुरानें प्रकरण भी प्रस्तुत किये गये, जिसमें से 01 प्रकरण का निस्तारण किया गया तथा शेष एक प्रकरण का शीघ्र निस्तारण कर अगली पेंशन अदालत में प्रस्तुत करने के निर्देश दिये गये।
पेंशन अदालत में सम्बन्धित विभागों के अधिकारीगण एवं सेवानिवृत्त कार्मिक उपस्थित थे। आज की आयोजित पेंशन अदालत में प्रस्तुत आवेदनों का निस्तारण निम्नवत है।
निस्तारित –
1. राजेन्द्र प्रसाद बाजपेयी प्रधानाध्यापक खीरी
2. सन्त सेवक वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी लखनऊ
3. गोविन्द कृष्ण दीक्षित प्रधान सहायक हरदोई
4. तारा कान्त मिश्रा अवर अभियन्ता उन्नाव
5. मीना परवीन प्रधानाध्यापक खीरी
6. श्रीराम अनुसेवक खीरी
7. भगवान देई बाजपेयी प्रधानाध्यापक उन्नाव
8. अंजुम फारूकी प्रधानाध्यापिका खीरी
लम्बित-
1. संजू लेखपाल लखनऊ






















