Tuesday, February 10, 2026
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काशी के विकास पर हमला सनातन विरोधी सोच का प्रतीक:ए.के.शर्मा

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काशी के विकास पर हमला सनातन विरोधी सोच का प्रतीक:ए.के.शर्मा
काशी के विकास पर हमला सनातन विरोधी सोच का प्रतीक:ए.के.शर्मा

प्रधानमंत्री का सनातन के प्रति आस्था एवं रानी अहिल्याबाई होल्कर के प्रति सम्मान सर्वविदित। प्रधानमंत्री ने काशी सहित पूरे देश में जो विकास कार्य किया मैं उसका अभिनंदन करता हूं। काशी के विकास पर हमला सनातन विरोधी सोच का प्रतीक। राज्यपाल के अभिभाषण में बाधा लोकतांत्रिक मर्यादाओं का घोर उल्लंघन।

लखनऊ। विधानमंडल बजट सत्र के प्रथम दिवस पर समाजवादी पार्टी के सदस्यगणों द्वारा सदन के अंदर और बाहर सदन की कार्यवाही सहित काशी के मणिकर्णिका घाट पर हो रहे पुनर्निर्माण कार्य का अनुचित विरोध किया।इस संबंध में नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री ए के शर्मा ने विपक्ष के इस कृत्य का कड़े शब्दों में निंदा करते हुए कहा कि सत्र के प्रथम दिन समाजवादी पार्टी के विधायकों द्वारा सदन में नारेबाजी कर महामहिम को बोलने से रोकने का प्रयास अत्यंत निंदनीय एवं दुर्भाग्यपूर्ण है। यह कृत्य न केवल संवैधानिक पद की गरिमा के विपरीत है, बल्कि विशेष रूप से एक महिला राज्यपाल के प्रति किया गया यह व्यवहार लोकतांत्रिक मर्यादाओं का खुला उल्लंघन है।उन्होंने महामहिम का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि तमाम व्यवधानों के बावजूद उन्होंने पूरे धैर्य के साथ अपना अभिभाषण पूर्ण किया, जो संसदीय परंपराओं के प्रति उनके सम्मान को दर्शाता है।

मणिकर्णिका घाट सहित काशी के विकास का विरोध सनातन पर प्रहार : मंत्री ए.के. शर्मा

नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री ए.के. शर्मा ने कहा कि सत्र के प्रथम दिवस समाजवादी पार्टी के विधायकों द्वारा वाराणसी के मणिकर्णिका घाट के निर्माण एवं विकास कार्यों का विरोध करना उनकी नकारात्मक राजनीति को दर्शाता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि मणिकर्णिका घाट पर व्यवस्थाओं में सुधार समय की आवश्यकता है। बढ़ती जनसंख्या और अंतिम संस्कार के लिए आने वाले लोगों की संख्या को देखते हुए सुविधाओं का विस्तार और सुव्यवस्थित होना आवश्यक है।

मंत्री श्री शर्मा ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सनातन संस्कृति के प्रति गहरी आस्था एवं लोकमाता रानी अहिल्याबाई होल्कर जी के प्रति सम्मान सर्वविदित है। अहिल्याबाई होल्कर जी की के नाम पर संस्थानों का नामकरण तथा देशभर में उनकी 300वीं जयंती का भव्य आयोजन इसका प्रमाण है।उन्होंने कहा कि जिनके पास कोई ठोस मुद्दा नहीं है, वही हर विकास कार्य का विरोध करते हैं। काशी विश्वनाथ कॉरिडोर हो या मणिकर्णिका घाट का विकास—ये सभी कार्य काशी की सांस्कृतिक गरिमा को सुदृढ़ करने वाले हैं। प्रधानमंत्री जी के नेतृत्व में काशी सहित पूरे देश में जो अभूतपूर्व विकास हो रहा है, उसका वे हृदय से अभिनंदन करते हैं।